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आज से भरे जाएंगे ऑनलाइन फार्म झारखंड में मैट्रिक स्तर पर बंपर बहाली,

जेएसएससी की ओर से आयोजित की जानेवाली मैट्रिक स्तरीय संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा-2022 के लिए ऑनलाइन आवेदन आज से जमा किया जा सकेगा। आवेदन की अंतिम तिथि 30 अक्तूबर 2022 की मध्य रात्रि निर्धारित की गयी है। जेएसएससी ने तकनीकी कारणों से यह संशोधन किया है।

संशोधित कार्यक्रम के मुताबिक ऑनलाइन आवेदन भरनेवाले अभ्यर्थी एक नवंबर की मध्य रात्रि तक परीक्षा शुल्क का भुगतान कर सकेंगे। तीन नवंबर की मध्य रात्रि तक फोटो व हस्ताक्षर अपलोड कर उसका प्रिंट आउट निकाला जा सकेगा। पांच नवंबर से लेकर आठ नवंबर की मध्य रात्रि तक समर्पित ऑनलाइन आवेदन पत्र में किसी भी अशुद्ध प्रविष्टि को संशोधित करने के लिए पुन: लिंक खोला जायेगा।हालांकि, बाद में अन्य विभागों से रिक्तियां मिलने के बाद इसमें जुड़ सकती हैं।कुशल शिल्पी एवं समकक्ष पदों पर नियुक्ति के लिए झारखंड स्थित मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थान से न्यूनतम मैट्रिक/10वीं के साथ हस्तशिल्प में एक वर्ष का सर्टिफिकेट कोर्स एवं हस्तशिल्प क्षेत्र में ख्याति प्राप्त संस्थान से दो वर्ष का कार्य अनुभव अनिवार्य है।

 

उक्त अनिवार्य योग्यता के अतिरिक्त अभ्यर्थियों को मैट्रिक/10वीं कक्षा झारखंड के शैक्षणिक संस्थान से उत्तीर्ण होना अनिवार्य होगा तथा अभ्यर्थी को स्थानीय रीति-रिवाज, भाषा एवं परिवेश का ज्ञान होना अनिवार्य होगा।

शैक्षणिक योग्यता

कीटपालक एवं समकक्ष श्रेणी के पदों पर नियुक्ति के लिए झारखंड स्थित मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थान से न्यूनतम मैट्रिक/10वीं उत्तीर्ण होने के अतिरिक्त झारखंड रेशम तकनीकी विकास संस्थान, चाईबासा से एक वर्षीय सर्टिफिकेट कोर्स (सेरिकल्चर/सिल्क/ विविंग/ सिल्क डाईंग-प्रिंटिंग) अथवा दो वर्षीय (10 प्लस 2) इंटर व्यावसायिक कोर्स (सेरिकल्चर/टेक्सटाइल्स) उत्तीर्ण होना अनिवार्य है।

 

कुशल शिल्पी एवं समकक्ष पदों पर नियुक्ति के लिए झारखंड स्थित मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थान से न्यूनतम मैट्रिक/10वीं के साथ हस्तशिल्प में एक वर्ष का सर्टिफिकेट कोर्स एवं हस्तशिल्प क्षेत्र में ख्याति प्राप्त संस्थान से दो वर्ष का कार्य अनुभव अनिवार्य है।

उक्त अनिवार्य योग्यता के अतिरिक्त अभ्यर्थियों को मैट्रिक/10वीं कक्षा झारखंड के शैक्षणिक संस्थान से उत्तीर्ण होना अनिवार्य होगा तथा अभ्यर्थी को स्थानीय रीति-रिवाज, भाषा एवं परिवेश का ज्ञान होना अनिवार्य होगा।

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